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Messages - sheemar

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Teachers News / Re: School Bus/Van /Tragedy
« on: Today at 06:42:47 PM »
Jammu: School bus falls into gorge, 38 students were on board



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Teachers News / BS Dhol resigned from PSEB chairman
« on: Today at 03:36:09 PM »

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Teachers News / Re: Morning News 25 May 2017
« on: Today at 11:20:04 AM »

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PSEB
Syllabus for Class 1th to 5th from Academic Year 2017-18


http://files-cdn.pseb.ac.in/pseb_files/Catlog-to-V-2017-18-2017-24-05-64.pdf

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आधार कार्ड दिखाकर सस्ते में मिलेंगे 10 एलईडी बल्ब, ट्यूबलाइट्स और 4 पंखे

230/-

1150/-

65/-

{ट्यूबलाइट

{पंखा

{बल्ब

इस कीमत पर मिलेंगे एलईडी उपकरण

केंद्र की उजाला स्कीम पंजाब की कांग्रेस सरकार ने की लॉन्च

मोहित शंकर | मोहाली
केंद्रसरकार की उजाला स्कीम बुधवार को फेज-6 के शिवालिक पब्लिक स्कूल के ऑडिटोरियम में लाॅन्च की गई। यह स्कीम केंद्र की मोदी सरकार ने लॉन्च की थी, लेकिन पंजाब में अब इस स्कीम को कांग्रेस सरकार ने लॉन्च किया है। बुधवार को यह स्कीम एनर्जी एफिशिएंसी सर्विसेज लिमिटेड (ईईएसएल) और पंजाब स्टेट पावर सप्लाई लिमिटेड (पीएसपीसीएल) की ओर से आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान लॉन्च की गई। इसका उद्घाटन पंजाब के इलेक्ट्रिसिटी मिनिस्टर राणा गुरजीत सिंह ने किया। उन्होंने शहर की पहली खपतकार अतिंदर कौर को एलईडी ट्यूब और पंखा देकर स्कीम का उद्घाटन किया। इस स्कीम के तहत लोगों को किफाइती दरों पर एलईडी बल्ब, ट्यूबलाइट्स और पंखें मुहैया करवाए जा रहे हैं। ये सभी एलईडी उपकरण बहुत कम बिजली की खपत करते हैं। स्कीम को लॉन्च करने का उद्देश्य पंजाब की बिजली की खपत कम करना है। जल्द ही शहर में जगह-जगह कैंप लगाकर उजाला स्कीम के तहत लोगों को किफाइती कीमत पर ये एलईडी बिजली उपकरण मुहैया कराए जाएंगे।
तीनसाल की वारंटी, 25 हजार घंटे की लाइफ : जोएलईडी बल्ब ट्यूबलाइट्स इस स्कीम के तहत मुहैया करवाई जा रही हैं, उनकी लाइफ 25 हजार घंटे बताई गई है। इसके अलावा इनकी तीन वर्षों की वांरटी बताई गई है। योजना के तहत दिए जाने वाले सीलिंग फैन पारंपरिक पंखों के मुकाबले ऊर्जा में 30 फीसदी ज्यादा बेहतर हैं।
135करोड़ यूनिट का होगा फायदा: कार्यक्रमके दौरान मिनिस्टर राणा गुरजीत सिंह ने बताया कि पंजाबभर में उजाला स्कीम के जरिये काफी फायदा मिलने वाला है। उन्होंने कहा कि पंजाब भर में सालाना 135 करोड़ बिजली के यूनिट कम यूज हाेंगे। अगर उजाला स्कीम के तहत दिए गए उपकरणों को यूज किया जाएगा। इसके अलावा 540 करोड़ रुपए बिजली का बिल भी कम आएगा। राणा गुरजीत ने बताया कि जितनी बिजली की यूसेज कम होगी, उतना ही लोगों को फायदा मिलेगा और पंजाब ज्यादा से ज्यादा बिजली बचा पाएगा।
}कांग्रेस खुद भी कुछ करे: सांसद चंदूमाजरा
केंद्र की इस पंडित दीनदयाल उपाध्याय उजाला योजना को लेकर श्री आनंदपुर साहब से लोकसभा सदस्य प्रो. प्रेम सिंह चंदूमाजरा ने कहा कि पंजाब की कांग्रेस सरकार केंद्र के गर्म तंदूर पर अपनी रोटियां सेके। खुद भी कुछ करके दिखाए। उन्होंने बताया कि स्कीम लॉन्च करने के लिए आयोजित इस समारोह के उन्हें कोई न्योता नहीं दिया गया, जबकि लोगों ने उन्हें केंद्र के नुमाइंदे के तौर पर चुना है। यह पूरी तरह पक्षपात है।
}आधार कार्ड दिखाना जरूरी | उजालास्कीम के तहत किफाइती रेट पर एलईडी उपकरण लेने के लिए विभाग की ओर से लगाए जाने वाले कैंपों या बिजली विभाग के सब डिविजनल ऑफिस में जाकर लोगों को अपना अाधार कार्ड दिखाना होगा। आधार कार्ड के अलावा ड्राइविंग लाइसेंस या अन्य पहचान पत्र दिखाना भी अनिर्वाय होगा। एक परिवार को 10 एलईडी बल्ब, 10 ट्यूबलाइट्स और चार सीलिंग फैन मिल सकेंगे।
}आधार कार्ड और एक अन्य पहचान पत्र दिखाकर खरीद सकते हैं उपकरण
उजाला स्कीम के तहत केंद्र की ओर से लोगों को एलईडी बल्ब, ट्यूबलाइट्स और सीलिंग फैन किफाइती रेट पर मुहैया करवाए जा रहे हैं। इससे बिजली कम यूज होगी और लोगों के बिजली बिल कम आएंगे।

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उजाला योजना = भारत सरकार की एक योजना है जिसके अन्तर्गत कम मूल्य पर एल ई डी बल्ब दिये जाते हैं ताकि बिजली की बचत की जा सके। यह योजना 'बचत लैम्प योजना' के स्थान पर ०१ मई २०१५ को भारत के प्रधानमन्त्री नरेन्द्र मोदी ने शुरू की। इस योजना के अन्तर्गत एक वर्ष के अन्दर ही ९ करोड़ एलईडी बल्बों की बिक्री हो गयी, जिससे लगभग ५५० करोड रूपये के बिजली बिल की बचत हुई।

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Harassment / Re: Harassment of Students
« on: Today at 07:05:48 AM »
होमवर्क करने पर टीचर ने 4th क्लास के बच्चे के सिर पर मारे डंडे, खून बहा तो करवा दी पट्टी
हाजीपुर| गांवरणसौता के सरकारी एलिमेंट्री स्कूल के अध्यापक पर गांव के ही सरपंच के बच्चे को सिर पर डंडे मार जख्मी करने का आरोप लगा है। मामला 22 मई का है। बलविंदर सिंह ने बताया कि उनका 8 साल का बेटा नवजोत चौथी का विद्यार्थी है। 22 मई को सुबह घर से ठीकठाक स्कूल गया, पर 10 बजे के बाद पत्नी पूजा को अध्यापक गुरमेल सिंह का फोन आया कि बेटे को घर पर चोट लगी थी तो स्कूल क्यों भेजा। सर से खून बहुत बह रहा था, इसलिए पट्टी करवा दी है। घर ले जाएं। सरपंच ने बताया कि उसी दिन शाम को बच्चे के साथ पढ़ते गांव के बच्चों ने बताया कि नवजोत ने स्कूल का काम नहीं किया था, इसलिए गुरमेल सर ने सिर पर डंडे मारे थे। दूसरे दिन अध्यापक को डंडे मारने का कारण पूछा तो अध्यापक बोला कि बच्चे को पहले की चोट लगी थी।

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8% से ज्यादा स्कूल फीस बढ़ाने पर रोक लगाने से हाईकोर्ट का इनकार
पंजाब सरकार की फीस रेगुलेट एक्ट फॉलो करेगा चंडीगढ़
भास्करन्यूज | चंडीगढ़
स्कूलोंकी बढ़ती फीस को देखते हुए पंजाब सरकार ने फीस रेगुलेट करने के लिए एक्ट बनाया और इसके तहत पंजाब के प्राइवेट स्कूल 8 परसेंट से ज्यादा फीस नहीं बढ़ा सकते और चंडीगढ़ भी इसे फॉलो करने जा रहा है। इसी मामले पर इंडिपेंडेंट स्कूल्स एसोसिएशन (अाईएसए) चंडीगढ़ की ओर से पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट में याचिका दायर की। याचिका में कहा गया कि स्कूलों पर यह प्रतिबंध नहीं लगाया जा सकता इसलिए इस एक्ट पर स्टे किया जाए। जस्टिस एसएस सारों जस्टिस दर्शन सिंह की खंडपीठ ने स्टे देने से इंकार कर दिया लेकिन पंजाब सरकार को 25 जुलाई के लिए नोटिस जारी कर जवाब मांगा है।
स्टाफकी इंक्रीमेंट पर पड़ेगा असर
आईएसएने अपनी याचिका में कहा कि उन्होंने स्टाफ को 10 से 12 परसेंट सैलरी में इंक्रीमेंट देने का वायदा किया था। एक्ट के हिसाब से फीस बढ़ौतरी 8 परसेंट से ज्यादा नहीं हो सकती। ऐसे में हमें इंक्रीमेंट देने में समस्या आएगी और स्कूल स्टाफ पर इसका असर पड़ेगा। याचिका में यह भी कहा गया कि जब फीस रेगुलेट करने से पहले बिल पास हुआ था।
बिल के बाद एक्ट बना लेकिन बिल और एक्ट में कोई बदलाव नहीं हुअा। बिल में जो कौमा या फुल स्टॉप लगाए गए थे वह एक्ट में भी वैसे ही रहे क्योंकि पंजाब विधानसभा में जब एक्ट पास हुआ तो इस पर कोई चर्चा नहीं हुई और जल्दबाजी में इसे पास कर दिया गया। स्कूल फीस पर 8 परसेंट की रोक लगाना संवैधानिक नहीं है।
चंडीगढ़ में होना है लागू
चंडीगढ़के प्राइवेट स्कूलों में स्टूडेंट्स से मनमानी फीस वसूली पर रोक लगाने के लिए चंडीगढ़ प्रशासन ने पंजाब के एक्ट को चंडीगढ़ में लागू करने का फैसला किया है। इसके लिए मिनिस्ट्री ऑफ ह्यूमन रिसोर्स एंड डेवलपमेंट को अप्रूवल के लिए लिखा गया है। इस मामले को लेकर एडवोकेट रितेश पांडेय ने हाईकोर्ट में जनहित याचिका दायर कर कहा था कि चंडीगढ़ में बिना किसी फीस रेगुलेटरी अथॉरिटी के चलते मान्यता प्राप्त कई निजी स्कूल मनमाने तरीके से स्टूडेंट्स की फीस में बढ़ोतरी करते जा रहे हैं। इस बारे में केंद्र सरकार के असिस्टेंट सोलिस्टर जनरल सीनियर एडवोकेट चेतन मित्तल ने पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट को बताया कि मामला केंद्र के पास विचाराधीन है।

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